Check the settingsकानून व्यवस्था बनाए रखने को लेकर एसएसपी झांसी ओ पी सिंह द्वारा गुरसराय थानाध्यक्ष
Tuesday , January 22 2019
Breaking News
Home / Que-Ans / कानून व्यवस्था बनाए रखने को लेकर एसएसपी झांसी ओ पी सिंह द्वारा गुरसराय थानाध्यक्ष

कानून व्यवस्था बनाए रखने को लेकर एसएसपी झांसी ओ पी सिंह द्वारा गुरसराय थानाध्यक्ष

थानेदार के बदलते ही सिपाहियों की बल्ले-बल्ले
माफियाओं में काम शुरू करने की सुगबुगाहट तेज

गुरसरांय (झांसी)।  बीते दिन कानून व्यवस्था बनाए रखने को लेकर एसएसपी झांसी ओ पी सिंह द्वारा गुरसराय थानाध्यक्ष समेत कई दरोगा और इंस्पेक्टरों के तबादले किए गए थे, लेकिन इसके बाद जैसे ही नए थानेदारों ने थानों का चार्ज लिया,  तो यहां पहले से जमे बैठे सिपाहियों की बल्ले बल्ले हो गई । नए थानेदार के आते ही यहां के पुराने माफियाओं ने अपने अपने सिस्टम बैठाने की गति तेज कर दी है। ताकि उनके अवैध कारोबार एक बार फिर चल पड़े।

नए एसएसपी के आने के बाद से गुरसरांय थाना क्षेत्र में चल रहे मिश्रित गुटका, सरकारी खाद्यान कर चावल की कालाबाजारी, अवैध रूप से रेत का खनन कर कस्बा व थाना क्षेत्र के गांव में मनमाने दाम में बेचने आदि पर लगाम लग गई थी, लेकिन जैसे ही नए कप्तान साहब ने अपने अधीनस्थ थानेदारों के तबादले किये तो एक बार इन माफियाओं में अपने काम को शुरू करने की सुगबुगाहट शुरू हो गई है , और इसकी वजह अब थानों में कई महीनों से जमें पुराने सिपाही बनते नजर आ रहे हैं ।

ऐसा ही हाल जनपद के थाना गुरसराय का है। जहां खुलकर यह सब बातें सामने आ रहीं हैं। ज्ञात हो कि बीते दिन ही गुरसरांय थानाध्यक्ष इमरान खान का तबादला कर लाइन भेज दिया गया है। इमरान की जगह एसएसपी ने कटेरा थाने से अजय पाल सिंह को गुरसरांय थाने की कमान सौंपी है। लेकिन जैसे ही नए थानेदार ने गुरसराय थाने का चार्ज लिया सिपाहियों की बल्ले बल्ले हो गई है । माना जा रहा है कि यहां महीनों से तैनात कुछ सिपाही यहां के अवैध कारोबारी और माफिया प्रवृति के लोगों से अच्छे खासे परिचत हो गए हैं और कुछ के तो यहां रिश्तेदार भी निकल आए हैं । ऐसे में उन सिपाहियों के जरिए माफियाओं ने थानेदार से अपने काम को शुरू करने के लिए सिस्टम बैठाने की सुगबुगाहट में लगे हुए हैं , ताकि उनके अवैध कारोबार एक बार फिर शुरू हो सके। लेकिन देखना यह होगा कि क्या नए कप्तान साहब महीनों से जमे बैठे ऐसे सिपाहियों पर भी लगाम कसेंगे? या फिर अब यही सिपाही माफियाओं से गोट बैठाने के लिए नए थानेदारों के लिए मददगार साबित होंगे।
बॉक्स में – शराब के नशे में थानेदार की सरकारी कार चलने की चर्चाएं आम
ज्ञात हो कि बीते 2 दिन पहले गुरसरांय थानाध्यक्ष की सरकारी कार टाटा सूमों सुबह के समय गस्त के दौरान एरच रोड किनारे रखे ईंटों के ढेर से टकरा कर क्षतिग्रस्त हो गयी थी। इस घटना के बाद से नगर में दबे मुंह यह चर्चा आम है कि कार चलाने वाला कांस्टेबिल नशे में चर्चाएं यह भी है कि तत्कालीन थानेदार का खास होने के कारण उसकी डॉक्टरी नहीं कराई गई। हालांकि इसकी बात में कितनी सच्चाई है? यह जांच का विषय है।

बॉक्स 2 – क्या थानेदार के बदलने से खत्म होगी थाने की अंदरूनी कलह
वहीं दूसरी बीते चार पांच माह से गुरसरांय थाने के स्टाफ में चल रही अंतरकलह को लेकर भी अन्दर खाने में चर्चाएं चलनी शुरू हो गईं हैं। एक तरफ जहां थानेदार के बदलने से पुराने साहब के खासमखास इक्का दुक्का लोगों में मायूसी छा गई है। तो वहीं नए साहब के आने से खासमखास प्रणाली के खत्म होने की बात सोच कर कुछ लोग खुश नजर आ रहे हैं। 

About Action News

Latest & Breaking Hindi News Portal. Our best service in Uttar pradesh at Noida & jhansi. & Top Headline news India.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

*